दिनांक:10/04/2026
रिपोर्ट by: संवादाता इस्तेकार चौधरी
पिलखुवा में असामाजिक तत्वों के खिलाफ फूटा लोगों का गुस्सा, थाने पहुंचकर सौंपा ज्ञापन।
हापुड़ जनपद के पिलखुवा क्षेत्र से एक अहम मामला सामने आया है, जहां स्थानीय नागरिकों का आक्रोश खुलकर देखने को मिला। क्षेत्र में बढ़ती असामाजिक गतिविधियों से परेशान लोगों ने एकजुट होकर पिलखुवा थाने का रुख किया और पुलिस प्रशासन को ज्ञापन सौंपते हुए सख्त कार्रवाई की मांग उठाई।जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को बड़ी संख्या में स्थानीय लोग पिलखुवा थाने पहुंचे। इस दौरान उन्होंने थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपते हुए आरोप लगाया कि चंडी मंदिर के पीछे का इलाका असामाजिक तत्वों का अड्डा बनता जा रहा है। लोगों का कहना है कि यहां संदिग्ध गतिविधियां लगातार बढ़ रही हैं, जिससे आसपास का माहौल खराब हो रहा है और क्षेत्र में असुरक्षा की भावना पनप रही है।

स्थानीय निवासियों ने बताया कि इस स्थिति का सबसे ज्यादा प्रभाव बच्चों और युवाओं पर पड़ रहा है। उन्होंने चिंता जताई कि इस तरह का माहौल उनके भविष्य पर नकारात्मक असर डाल सकता है। वहीं, महिलाओं और बहन-बेटियों की सुरक्षा को लेकर भी लोगों ने गंभीर सवाल उठाए। उनका कहना है कि क्षेत्र की महिलाएं खुद को असहज और असुरक्षित महसूस कर रही हैं, जिससे सामाजिक वातावरण प्रभावित हो रहा है।प्रदर्शन के दौरान मौजूद लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि कुछ प्रभावशाली लोगों की शह पर ये अवैध और आपत्तिजनक गतिविधियां चल रही हैं, जिससे समस्या और भी गंभीर हो गई है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और क्षेत्र में नियमित निगरानी बढ़ाई जाए।

ज्ञापन सौंपने वालों में मनोज तोमर, नरेश कुमार सैनी सहित कई अन्य स्थानीय नागरिक शामिल रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आगे और बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।फिलहाल, पुलिस प्रशासन ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच का आश्वासन दिया है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन इस संवेदनशील मुद्दे पर कितनी तत्परता से कदम उठाता है और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए क्या ठोस कार्रवाई करता है।





