दिनांक:23/05/2026
रिपोर्ट by: संवादाता इस्तेकार चौधरी
हापुड़ के पिलखुवा गांव से दो महीने में तीसरी पशु चोरी से दहशत में सिखेड़ा गांव, दिनदहाड़े एक पशु चोरी कर फरार हुए बदमाश।
हापुड़। जनपद हापुड़ के कोतवाली पिलखुवा क्षेत्र के गांव सिखेड़ा में पशु चोरी की लगातार बढ़ रही घटनाओं ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। गांव में एक बार फिर दिनदहाड़े पशु चोरी की वारदात सामने आने के बाद लोगों में दहशत और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का आरोप है कि पशु चोर अब इतने बेखौफ हो चुके हैं कि खुलेआम गांवों में पहुंचकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।जानकारी के अनुसार गांव सिखेड़ा निवासी रामअवतार पुत्र भोडू सिंह ने बताया कि शुक्रवार दोपहर उनके घर के बाहर छह पशु बंधे हुए थे। इसी दौरान एक गाड़ी में सवार होकर आए अज्ञात पशु चोर मौके पर पहुंचे और मौका मिलते ही एक पशु को चोरी कर फरार हो गए। घटना इतनी तेजी से हुई कि आसपास मौजूद लोगों को इसकी भनक तक नहीं लग सकी।घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए। पीड़ित परिवार का कहना है कि पिछले दो महीनों में यह तीसरी बड़ी पशु चोरी की घटना है। ग्रामीणों के अनुसार पहली घटना 18 अप्रैल 2026, दूसरी 27 अप्रैल 2026 और अब तीसरी चोरी 22 मई 2026 को हुई है, लेकिन अब तक किसी भी मामले में पुलिस को सफलता हाथ नहीं लगी है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि लगातार हो रही पशु चोरी की घटनाओं के बावजूद क्षेत्र में पुलिस गश्त प्रभावी नहीं है, जिससे चोरों के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि अब ग्रामीण अपने पशुओं की सुरक्षा को लेकर भय के साए में जीने को मजबूर हैं।पीड़ित रामअवतार ने कोतवाली पिलखुवा पुलिस को शिकायत देकर पशुओं की जल्द बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है। वहीं ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से क्षेत्र में सख्त निगरानी, रात्रि गश्त बढ़ाने और पशु चोर गिरोह के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।अब देखने वाली बात होगी कि लगातार हो रही पशु चोरी की घटनाओं पर पुलिस कब तक अंकुश लगा पाती है और ग्रामीणों को राहत मिलती है या नहीं।



स्टार भारत न्यूज़ 24 की रिपोर्ट।



